नई दिल्ली/बालासोर। भारत ने रक्षा क्षेत्र में नया इतिहास रचते हुए लगातार तीन मिसाइलों का सफल बैक-टू-बैक परीक्षण किया है। रक्षा अनुसंधान एवं विकास संगठन (डीआरडीओ) के द्वारा 10 और 11 जून को किए गए इन उन्नत परीक्षणों ने देश की हवाई और समुद्री सुरक्षा क्षमताओं में क्रांतिकारी इजाफा किया है। इस ऐतिहासिक परीक्षण के पूरे होते ही भारत दुनिया के उन गिने-चुने शक्तिशाली देशों में शामिल हो गया है जो दुश्मन की लंबी दूरी और खतरनाक अंतरमहाद्वीपीय बैलिस्टिक मिसाइलों को आसमान में ही मार गिराने की तकनीक रखते हैं।
रक्षा मंत्रालय के आधिकारिक बयान के अनुसार, ये परीक्षण ओडिशा के चांदीपुर स्थित एकीकृत परीक्षण रेंज से आयोजित किए गए। सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए चांदीपुर में परीक्षण स्थल के आसपास रहने वाले करीब 11 हज़ार से अधिक नागरिकों को पहले ही सुरक्षित स्थानों पर स्थानांतरित कर दिया गया था। रक्षा वैज्ञानिकों ने इन परीक्षणों में भारत की मल्टी-लेयर्ड बैलिस्टिक मिसाइल डिफेंस प्रणाली का शक्तिशाली प्रदर्शन किया। अत्याधुनिक इंटरसेप्टर मिसाइलों ने सिमुलेटेड लंबी दूरी के लक्ष्यों और ख़तरों को सटीकता से ट्रैक किया और बीच हवा में ही उन्हें पूरी तरह नेस्तनाबूद कर दिया।




























Views Today : 4
Views Last 7 days : 109
Views Last 30 days : 847
Views This Year : 8221
Total views : 108694
Who's Online : 0
Your IP Address : 162.251.85.8